महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव:राहुल गांधी ने मैच फिक्सिंग का किया दावा, चुनाव आयोग,BJP की प्रति क्रिया।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव 2024 को मैच फिक्सिंग कहा महाराष्ट्र विधानसभा चुनावक को लेकर राहुल गांधी ने कहा धांधली का स्तर इतनान नीचे गिर गया गया है जिसका अनुमान नहीं लगाया जा सकता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग पर निशान साथते हुए कहां मैचफक्सिंग करने वाली टीम मैच तो जीत सकती है लेकिन इससे जुड़े संस्थानों से भरोसा हमेशा केलए खत्म हो जाता है
राहुल गांधी ने कहा चुनाव में मैच फिक्सिंग किसीभ लोकतंत्र के लए जहर की तरहै है वहीं भाजपा ने कहा है कि राहुल गांधी बार-बार झूठ बोलकर राज्य के जनादेश का अपमान कर रहे हैं राहुल गांधीन ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजे की आलोचना करते हुए इंडियन एक्सप्रेस और लोकसत्ता समेत भारतीय अखबारों में विस्तृत लेख लिखे है महाराष्ट्र चुनाव मैं धनौली का दावा करते हुए राहुल गांधी ने धांधली के मुख्य कारण बताए।
चुनाव आयोग में अपने ही लोगों को नियुक्त करना।
यह एक मुख्य करण है चुनाव आयुक्त आधीनियम 2023 के द्वारा यह सुनिश्चित किया गया कि चुनाव आयुक्त प्रभावी रूप से प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के द्वारा 2:1के बहुमत से चुने जाए जिस से तीसरे सदस्य, विपक्ष के नेता के वोट को अप्रभावी किया जा सके यानी जिन लोगों को चुनाव लड़ने है वहीं अंपायर भी तय करेंगे
फर्जी मतदाताओं के साथ मतदाता सूची में वृद्धि
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव: चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार महाराष्ट्र में 2019 के विधानसभा चुनाव में पंजीकृत मतदाताओं की संख्य 8.98 करोड़ थी 5 साल बाद 2024 के लोकसभा चुनाव में यह संख्य बढ़ कर 9.29 करोड़ हुई यानि 5 साल में मामूली वृद्धि हुई लेकिन इस के ठीक 5 महीने बाद नवम्बर 2024 के विधानसभा चुनाव तक यह संख्य बढ़ कर 9.70 करोड़ हो गई वहीं सिर्फ 5 महीने में 14 लाख की जबरदस्त बढ़ोतरी हुई पंजीकृत मतदाताओं की संख्या 9.70 करोड़ पहुंचना असाधारण है क्योंकि यह सरकार के खुद के आंकड़ों के मुताबिक महाराष्ट्र के वयस्कों की कुल आबादी 9.54 करोड़ से भी अधिक है।
तीसरा पॉइंट यह है कि फर्जी मतदाता जोड़ने के बाद मतदान प्रतिशत के आंकड़े ज्यादा दिखाना।
मतदाताओं को शाम 5 बजे तक जो लोग मतदान केंद्र के अंदर थे उन्हें मतदान करने की अनुमति थी कहीं से भी कोई ऐसी खबर नहीं आई के मतदान के लिए भीड़ बहुत है चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक शाम तक मतदान प्रतिशत 58.22 था लेकिन मतदान खत्म होने के बाद भी मतदान प्रतिशत बढ़ता ही गया। जब सुबह मातादीन प्रतिशत का आंकड़ा सामने आया वह 66.05 प्रतिशत था यानि 7.83 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई यानि 76 लाख तक होती है।
चुनिंदा जगहों पर फर्जी वोट जोड़े गए।
महाराष्ट्र में कुल 1 लाख बूथ है लेकिन नए मतदाता सिर्फ 12,000 बूथों पर जोड़े गए यह नए मतदाता उन जगह पर जोड़े गए जहां पर पिछले विधानसभा चुनाव में NDA का खराब प्रदर्शन रहा।हर बूथ में शाम 5 बजे के बाद 600 लोगो ने वोट डाला अगर मन ले की एक मतदाता को वोट डालने में एक मिनिट भी लगता है तो मतदान की क्रिया 10 घंटे तक जारी रहनी चाहिए थी लेकिन ऐसा कही नहीं ऐसे में अतिरिक्त वोट डाले कैसे गए साफ नजर आता है कि इन 85 सीटों पर NDA ने जीत दर्ज की।
सबूतों को छुपाया गया।
चुनाव आयोग ने विपक्ष के किसी भी सवाल का जवाब ठीक से नहीं दिया।2024 के लोकसभा और विधानसभा चुनाव की फोटो सहित सूची को सार्वजनिक करने की मांग को खारिज कर दिया गया। चुनाव के 1 महीने के बाद उच्च न्यायालय ने चुनाव आयोग को चुनाव की वीडियो ग्राफ और सीसीटीवी फुटेज दिखाने की निर्देश दिया तो केंद्र सरकार ने चुनाव आयोग से सलाह लेने के बाद निर्वाचनों के संचालन में बदलाव करके चुनाव की वीडियो ग्राफ और सीसीटीवी फुटेज को सीमित किया गया।यह बदलाव अपने आप में बहुत कुछ बया करता है।