ईरान इजराइल के बीच सीजफायर।
जंग के बाद मिडल इस्ट में अब शांती लोटने की उमीद है क्योंकि कतर की मद्यस्तता के बाद इरान और इज्राइल में अब सीजफायर हो चुका है।
शांती की उमीद में कई देशों ने अपना एरस्पेस भी खोल दिया है।
इरान और इज्राइल 13 दिनों तक चले इस संघर्ष पर फायदे और नुकसान का आकलन कर रही हैं और सीजफायर पर अपने अपने उदेशियों की पूरा होने का दावा भी कर रही हैं।भारत, चीन समेथ दुनिया के कई देशों ने राहत की सांस ली हैं।
दावा किया गया है कि इरान पर अमेरिका की तरफ से किये गए हमलों का खास असर नहीं पड़ा हाल ही में एक अमेरिके रिपोर्ट ने ऐसा दावा किया।
राष्ट्रपती डोनल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि us के हमले में इरान के परमानु कार्यक्रम पूरी तरह से नष्ट हो गाये।अमेरिका की खूपिया एजनिसी की शुरुवाती रिपोर्ट में कहा गया कि हमले में इरान के परमानु ठिकाने तबा नहीं हुए हैं इस में कहा गया है कि समभावनाएं हैं कि कार्यक्रम कुछ महिने जरूर पिछ टला जा सकता है
ईरान का यूरेनियम सुरक्षित।
अमेरिका ने फोर्डो, नतांज और इस्फहान पर हमले किये थे हमलों के आकलन करने वाले जानकार दो लोगों ने CNN से बाचीत में बताया कि इरान का यूरेनियम भंडार नस्ट नहीं हुआ है। इसमें से एक का कहना है कि यूरेनियम अभी मौजूद हैं। रोइटर्स के रिपोर्ट में बताया गया है कि इरान के यूरेनियम का एक बड़ा हिस्सा अमेरिका के हमलों से पहले ही अलग-अलग स्थानों पर शिफ्ट कर दिया गया था।